वैश्वीकरण और भारतीय अर्थव्यवस्था

NCERT Solution

प्रश्न 1. वैश्वीकरण से आप क्या समझते हैं? अपने शब्दों में स्पष्ट कीजिए।

उत्तर: आज पूरी दुनिया की आर्थव्यवस्था जिस प्रकार से आपस में जुड़ी हुई है उस जुड़ाव को वैश्वीकरण कहते हैं। इसे समझने के लिए गूगल का उदाहरण लेते हैं। यह अमेरिका में स्थित है लेकिन इसके उपभोक्ता दुनिया के हर कोने में हैं। आप दिल्ली में हों या देहरादून में, गूगल की मदद से कोई भी सूचना आपको चुटकियों में मिल सकती है। आज इस कंपनी के ऑफिस भारत जैसे कई देशों में हैं। गूगल आज वैश्वीकरण का एक जीता जागता उदाहरण है।

प्रश्न 2. भारत सरकार द्वारा विदेश व्यापार एवं विदेशी निवेश पर अवरोधक लगाने के क्या कारण थे? इन अवरोधकों को सरकार क्यों हटाना चाहती थी?

उत्तर: आजादी के समय भारत के निजी उद्यमियों के पास पूँजी की कमी थी। इसलिए उस समय स्थानीय उद्योग को संरक्षण की जरूरत थी। स्थानीय उद्योग धंधे फल-फूल सकें इसलिए भारत सरकार ने विदेश व्यापार और विदेशी निवेश पर अवरोधक लगाये गये। धीरे-धीरे स्थितियाँ बदलने लगीं और भारत का बाजार आकर्षक बन गया। उसके बाद सरकार ने इन अवरोधकों को हटाने का निर्णय लिया।


प्रश्न 3. श्रम कानूनों में लचीलापन कंपनियों को कैसे मदद करेगा?

उत्तर: श्रम कानूनों में लचीलापन कम्पनियों को लाभ पहुँचाएगा। इस कानून की मदद से कम्पनियाँ श्रमिकों की संख्या को नियंत्रित कर पाएँगी। कई व्यवसाय में श्रमिकों की मांग कुछ खास महीनों में ही होती है। अन्य महीनों में ऐसे श्रमिकों की मजदूरी पर का खर्च कम्पनियों को घाटे में ला देता है। लचीले कानून होने से इस बात से छुटकारा मिलेगा और कम्पनी के मुनाफे में सुधार होगा।

प्रश्न 4. दूसरे देशों में बहुराष्ट्रीय कंपनियाँ किस प्रकार उत्पादन या उत्पाद पर नियंत्रण स्थापित करती हैं?

उत्तर: दूसरे देशों में बहुराष्ट्रीय कंपनियाँ कई तरीकों से उत्पादन या उत्पाद पर नियंत्रण स्थापित करती हैं। इनमे से कुछ नीचे दिये गये हैं:

प्रश्न 5. विकसित देश, विकासशील देशों से उनके व्यापार और निवेश का उदारीकरण क्यों चाहते हैं? क्या आप मानते हैं कि विकासशील देशों को भी बदले में ऐसी माँग करनी चाहिए?

उत्तर: अक्सर विकसित देश की कम्पनियाँ दूसरे देशों में व्यवसाय के लिये अनुकूल माहौल बनाने के लिए अपनी सरकार पर दबाव डालती हैं। उस दबाव में आकर विकसित देश, विकासशील देशों से उनके व्यापार और निवेश का उदारीकरण चाहते हैं। विकासशील देशों को भी ऐसा ही करना चाहिए।

प्रश्न 6. ‘वैश्वीकरण का प्रभाव एक समान नहीं है’। इस कथन की अपने शब्दों में व्याख्या कीजिए।

उत्तर: यह बात सही है कि वैश्वीकरण का प्रभाव एक समान नहीं है। इससे फायदे और नुकसान दोनों हुए हैं। आर्थिक उदारीकरण के बाद भारत के लोगों के जीवन स्तर में सुधार हुआ है। रोजगार के अवसर भी बढ़े हैं। लेकिन अमीरों और गरीबों के बीच की खाई और भी चौड़ी हो गई है। आर्थिक उदारीकरण के बाद प्रतिस्पर्द्धा भी बढ़ी है जिसके कारण छोटे व्यवसायियों के अस्तित्व पर खतरा मंडरा रहा है।


प्रश्न 7. व्यापार और निवेश नीतियों का उदारीकरण वैश्वीकरण प्रक्रिया में कैसे सहायता पहुँचाती है?

उत्तर: व्यापार और निवेश नीतियों के उदारीकरण से वैश्विक प्रक्रिया में बहुत मदद मिलती है। इन नीतियों के कारण विदेशी निवेश का रास्ता साफ हो जाता है। इसके साथ ही आयात और निर्यात के रास्ते भी खुल जाते हैं। स्थानीय कम्पनियों और व्यवसायियों को क्वालिटी सुधारने की प्रेरणा मिलती है। कई बहुराष्ट्रीय कम्पनियों को इस बात का मौका मिल जाता है कि विभिन्न देशों से उत्पादन के विभिन्न चरणों को करवा सकें।

प्रश्न 8. विदेश व्यापार विभिन्न्न देशों के बाजारों के एकीकरण में किस प्रकार मदद करता है? यहाँ दिए गए उदाहरण से भिन्न उदाहरण सहित व्याख्या कीजिए।

उत्तर: विदेश व्यापार से विश्व के विभिन्न बाजार आपस में जुड़ जाते हैं जिससे उनका एकीकरण होता है। इसे समझने के लिए कार का उदाहरण लेते हैं। फोर्ड अमेरिकी कम्पनी है और कार बनाती है। उसके किसी कार का इंजन अमेरिका में बनता है तो सीट बेल्ट भारत में। हेडलाइट चीन में बनता है तो गियर बॉक्स ताइवान में। इस तरह से कार निर्माण के विभिन्न चरण दुनिया के विभिन्न कोनों में होते हैं। उसके बाद तैयार कार कई देशों में बिकती है।

प्रश्न 9. वैश्वीकरण भविष्य में जारी रहेगा। क्या आप कल्पना कर सकते हैं कि आज से बीस वर्ष बाद विश्व कैसा होगा? अपने उत्तर का कारण दीजिए।

उत्तर: आज से बीस साल बाद क्या होगा, इसे समझने के लिए आज की तारीख में तेजी से बढ़ते ई-कॉमर्स को देखने की जरूरत है। आज आप जब अमेजॉन पर कोई चीज खरीदने के लिए ऑर्डर लगाते हैं तो हो सकता है वह वस्तु आपसे तीन हजार किलोमीटर स्थित किसी कारखाने में बन रही हो। उसे आपतक पहुँचने में शायद चार पाँच राज्य पार करने पड़े। इसी का विस्तृत रूप हमें बीच साल बाद देखने को मिलेगा। आप झुमरी तिलैया में बैठकर पेरिस कि किसी दुकान से सूट मंगा सकते हैं। इस सबको अंजाम देने में कई टेक्नॉलोजी की भूमिका होगी, जैसे इंटरनेट, तेज गति के यातायात के साधन, ड्रोन, ऑनलाइन पेमेंट, आदि।

प्रश्न 10. मान लीजिए कि आप दो लोगों को तर्क करते हुए पाते हैं – एक कह रहा है कि वैश्वीकरण ने हमारे देश के विकास को क्षति पहुँचाई है, दूसरा कह रहा है कि वैश्वीकरण ने भारत के विकास में सहायता की है। इन लोगों को आप कैसे जवाब दोगे?

उत्तर: मुझे लगता है कि वैश्वीकरण से भारत के विकास में मदद मिली है। मेरे माता पिता बताते हैं मेरे जन्म से पहले टेलिफोन एक विलासिता की वस्तु हुआ करती थी। टेलिफोन कनेक्शन के लिये लोगों को वर्षों इंतजार करना पड़ता था। जब शुरु शुरु में मोबाइल फोन आया तो इतना महंगा था कि आम लोग उसे खरीद नहीं सकते थे। सिमकार्ड लेने के लिए लाइन में लगना पड़ता था। आज मोबाइल के बिना तो पढ़ना भी मुश्किल लगता है। मेरे स्कूल से नोटिस, होमवर्क, आदि मोबाइल के जरिये ही आते हैं। मेरी समाजशास्त्र की टीचर तो कई प्रश्नों के जवाब भी मोबाइल से ही भेज देती हैं।

रिक्त स्थानों की पूर्ति कीजिए:

दो दशक पहले की तुलना में भारतीय खरीददारों के पास वस्तुओं के अधिक विकल्प हैं। यह ................की प्रक्रिया से नजदीक से जुड़ा हुआ है। अनेक दूसरे देशों में उत्पादित वस्तुओं को भारत के बाजारों में बेचा जा रहा है। इसका अर्थ है कि अन्य देशों के साथ ..................बढ़ रहा है। इससे भी आगे भारत में बहुराष्ट्रीय कंपनियों द्वारा उत्पादित ब्रांडों की बढ़ती संख्या हम बाजारों में देखते हैं। बहुराष्ट्रीय कंपनियाँ भारत में निवेश कर रही हैं क्योंकि .................। जबकि बाजार में उपभोक्ताओं के लिए अधिक विकल्प इसलिए बढ़ते .............और ....................के प्रभाव का अर्थ है उत्पादकों के बीच अधिकतम ...............।

उत्तर: दो दशक पहले की तुलना में भारतीय खरीददारों के पास वस्तुओं के अधिक विकल्प हैं। यह वैश्वीकरण की प्रक्रिया से नजदीक से जुड़ा हुआ है। अनेक दूसरे देशों में उत्पादित वस्तुओं को भारत के बाजारों में बेचा जा रहा है। इसका अर्थ है कि अन्य देशों के साथ व्यापार बढ़ रहा है। इससे भी आगे भारत में बहुराष्ट्रीय कंपनियों द्वारा उत्पादित ब्रांडों की बढ़ती संख्या हम बाजारों में देखते हैं। बहुराष्ट्रीय कंपनियाँ भारत में निवेश कर रही हैं क्योंकि यह उनके लिये फायदेमंद है। जबकि बाजार में उपभोक्ताओं के लिए अधिक विकल्प इसलिए बढ़ते माँग और उम्मीदों के प्रभाव का अर्थ है उत्पादकों के बीच अधिकतम प्रतिस्पर्धा


निम्नलिखित को सुमेलित कीजिए:

1. बहुराष्ट्रीय कंपनियाँ छोटे उत्पादकों से सस्ते दरों पर खरीदती हैं।(a) मोटर गाड़ियाँ
2. आयात पर कर और कोटा का उपयोग, व्यापार नियमन के लिये किया जाता है।(b) कपड़ा, जूते-चप्पल, खेल के सामान
3. विदेशों में निवेश करने वाली भारतीय कंपनियाँ(c) कॉल सेंटर
4. आई.टी. ने सेवाओं के उत्पादन के प्रसार में सहायता की है।(d) टाटा मोटर्स, इंफोसिस, रैनबैक्सी
5. अनेक बहुराष्ट्रीय कंपनियों ने उत्पादन करने के लिए निवेश किया है।(e) व्यापार अवरोधक

उत्तर: 1 - b, 2 - e, 3 - d, 4 - c, 5 - a

बहुवैकल्पिक प्रश्न:

प्रश्न 1. वैश्वीकरण के विगत दो दशकों में द्रुत आवागमन देखा गया है

f) देशों के बीच वस्तुओं, सेवाओं और लोगों का g) देशों के बीच वस्तुओं, सेवाओं और निवेशों का h) देशों के बीच वस्तुओं, निवेशों और लोगों का

उत्तर: देशों के बीच वस्तुओं, निवेशों और लोगों का

प्रश्न 2. विश्व के देशों में बहुराष्ट्रीय कंपनियों द्वारा निवेश का सबसे अधिक सामान्य मार्ग है

a) नये कारखानों की स्थापना b) स्थानीय कंपनियों को खरीद लेना c) स्थानीय कंपनियों से साझेदारी करना

उत्तर: स्थानीय कंपनियों से साझेदारी करना

प्रश्न 3. वैश्वीकरण ने जीवन स्तर के सुधार में सहायता पहुँचाई है।

a) सभी लोगों के b) विकसित देशों के लोगों के c) विकासशील देशों के श्रमिकों के d) उपर्युक्त में से कोई नहीं

उत्तर: उपर्युक्त में से कोई नहीं



Copyright © excellup 2014